दो खिलाड़ी अरबाज और जाबिर अंतरराष्ट्रीय पटल पर कर रहे बिहार का नाम रोशन

सेराज अनवर /पटना

बिहार के मुस्लिम लड़के खेल में उम्मीद से ज्यादा बेहतर कर रहे हैं. अपने खेल से उन्होंने दूसरे देशों में भी कामयाबी का झंडा गाड़ रखा है. ऐसे ही खिलाड़ियों में से एक हैं बिहार प्रदेश के सहरसा जिले के अरबाज और जाबिर अंसारी. इनमें से एक ने जहां युगांडा में भारत के लिए स्वर्ण जीता तो दूसरे बिहार स्टेट कराटे चैंपियनशिप में अव्वल रहे.

दोनों लड़के अंतरराष्ट्रीय स्तर के खिलाड़ी हैं. देश-विदेश में धमाल मचाए हुए हैं.इनकी सफलता से पूरा बिहार गौरवान्वित है. हाल में संपन्न युगांडा पैरा बैडमिंटन अंतरराष्ट्रीय चैंपियनशिप 2021में भारत को बड़ी उपलब्धि अरबाज अंसारी ने दिलाई है.अरबाज अंसारी ने देश के लिए स्वर्ण जीत बिहार का सिर गर्व से उंचा किया है.

बिहार के सहरसा निवासी अरबाज अंसारी ने गोल्ड मेडल जीतकर ना सिर्फ अपना बल्कि पूरे देश का नाम रोशन किया है.अरबाज के इस गौरव यात्रा से सहरसा में खुशी की लहर है.पदक जीतने की सूचना जैसे ही सहरसा पहुंची,लोग जश्न मनाने लगे.सभी ओर से अरबाज के परिवार को बधाई मिलने लगी .

अरबाज ने किया भारत का प्रतिनिधित्व

दक्षिण अफ्रीका के युगांडा पैरा बैडमिंटन अंतरराष्ट्रीय चैंपियनशिप का आयोजन 15से शुरू हो कर 21नवंबर को संपन्न हुआ. इस टूर्नामेंट के फाइनल में अरबाज ने डबल्स मुकाबले में जीत हासिल की.मीर टोला निवासी मोहम्मद निसार के पुत्र अरबाज इस प्रतियोगिता में देश का प्रतिनिधित्व कर रहे थे.

कई वर्षों से वो अंतर्राष्ट्रीय पैरा बैडमिंटन प्रतियोगिता में खेल रहे हैं.इसमें उन्हें कई महत्वपूर्ण सफलता मिली है.उन्हें विधानसभा चुनाव में दिव्यांग मतदाताओं का आइकन बनाया गया. जिले का नाम रोशन करने के लिए उन्हें स्थानीय प्रशासन द्वारा भी सम्मानित किया गया है.

अरबाज के रिश्तेदार खुर्शीद आलम कहते हैं,’’ कोसी जैसे पिछड़े क्षेत्र से अरबाज लगातार अंतर्राष्ट्रीय मंच पर रैकेट से अपना जौहर दिखा रहे हैं. यह हमारे लिए बड़ी उपलब्धि है,’

दुबई में कांस्य पदक किया कब्जे में

इसी साल अप्रैल में दुबई में आयोजित तृतीय अंतर्राष्ट्रीय पैरा बैडमिंटन प्रतियोगिता भारत की ओर से खेलते हुए अरबाज अंसारी ने युगल स्पर्धा में कांस्य पदक जीता था.उनकी सफलता पर जिला खेल पदाधिकारी ने खेल कार्यालय कक्ष में उसे सम्मानित किया था.

जिला खेल पदाधिकारी मो. अहमद अली अंसारी ने देश के लिए कांस्य पदक प्राप्त करने वाले इस युवा होनहार खिलाड़ी को शाल ओढ़ा कर सम्मानित किया था.उन्होंने कहा कि अरबाज ने जो कर दिखाया है वह एक बड़ी उपलब्धि है.इससे युवाओं में स्पर्धा बढ़ेगी. युवा अंतरराष्ट्रीय स्तर तक खेल में अपना परचम लहराएंगे.

श्रेयसी सिंह ने दी बधाई

अंतरराष्ट्रीय निशानेबाज श्रेयसी सिंह ने युगांडा में स्वर्ण पदक जीतने पर अरबाज अंसारी को बधाई दी.उन्होंने कहा कि बिहार में प्रतिभा की कमी नहीं है.खेल के क्षेत्र में यहां के लोग और बेहतर करेंगे. श्रेयसी सिंह जमुई से भारतीय जनता पार्टी की विधायक हैं.वे लगातार बिहार में खेल-कूद को बढ़ावा देने के लिए प्रयासरत हैं.

जाबिर ने दिखाए जौहर

जाबिर अंसारी,बिहार से कराटे की दुनिया का एक उभरता सितारा हैं.उनकी निरंतर सफलता ने बिहार वासियों का सीना गौरवान्वित किया है.पटना में आयोजित बिहार स्टेट कराटे चैम्पियनशिप में जाबिर ने गोल्ड मेडल जीत कर एक बार फिर अपने जौहर से सभी को प्रभावित किया है.

इस प्रतियोगिता में 150 खिलाड़ियों ने भाग लिया था.जाबिर सीनियर वर्ग में इस उपलब्धि को हासिल कर राष्ट्रीय स्तर पर आयोजित होने वाली चैम्पियनशिप के लिए चयनित हुए हैं.मालूम हो कि जाबिर कई बार स्टेट कराटे चैम्पियनशिप में स्वर्ण पदक हासिल कर चुके है. कई राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय चैम्पियनशिप में भी उनका प्रदर्शन उल्लेखनीय रहा है.

कम उम्र में सूबे के एक छोटे से इलाके जमुई जिले के झाझा के इस लाल ने मेडल का अंबार लगा दिया है.

चार बार कर चुके हैं प्रतिनिधित्व

पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी की जयंती पर पटना में आयोजित राजीव गांधी मेमोरियल कराटे चैंपियनशिप में जाबिर ने रजत पदक जीता था .अपने  भार वर्ग  ( – 75किलो ) 5बार बिहार राज्य चैंपियन का खिताब जीतने के साथ 5 बार राष्ट्रीय स्तर पर राज्य का प्रतिनिधित्व कर चुके हैं.

इसमें 2017में दो बार और 2018में राज्य के लिए पदक हासिल  करना भी है .इसके अलावा जाबिर ने चार बार देश का प्रतिनिधित्व किया.2017में श्रीलंका में आयोजित दक्षिण एशियाई कराटे प्रतियोगिता में अपने देश के लिए रजत पदक जीता था. जाबिर 2018में चीन , थाईलैंड और 2019 में तुर्की में देश का प्रतिनिधित्व कर चके हैं. 2018में इंडोनेशिया में आयोजित एशियाई खेलों में भारत के संभावित कराटे खिलाड़ियों में शामिल हो कर प्रशिक्षण शिविर में भाग लिया था.

मां-बाप की दुआओं का असर

जाबिर अल्लाह का शुक्र अदा करते हुए कहते हैं कि इस कामयाबी के पीछे मां-बाप की दुआएं शामिल हैं.साथ ही अपने कोच पंकज कांबली का भी शुक्रगुजार हूं कि उनकी निगरानी में लक्ष्य प्राप्ति की ओर बढ़ रहे हैं.जाबिर के  पिता इम्तियाज अंसारी झाझा प्रखंड के तुम्बापहाड़ गांव स्थित स्कूल में एक साधारण शिक्षक हैं.

साभार: आवाज द वॉइस

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here